खेल के माध्यम से चरित्र निर्माण करना :विमल
ग्वालियर।खेल के माध्यम से चरित्र का निर्माण करना और चरित्र से राष्ट्र का निर्माण करना ही क्रीड़ा भारती का उद्देश्य है।
स्वस्थ्य शरीर से स्वस्थ्य मन का विकास होता है मन के विकास से लक्ष्य प्राप्त होता है इसलिए जीवन मैं खेलो का होना जरूरी है।
यह बात आरएसएस मध्यभारत प्रान्त के प्रचारक विमल गुप्ता ने कही। वे जीवाजी विश्वविद्यालय के गालव सभागार में दो दिवसीय संगोष्ठी को मुख्यवक्ता के रूप में संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता जीवाजी विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रोफेसर राजकुमार आचार्य ने की। इस अवसर पर सह संरक्षक कुल सचिव डॉ राजीव मिश्रा भी उपस्थित थे।
जीवाजी विश्वविद्यालय ग्वालियर एवं क्रीड़ा भारती मध्यप्रदेश के संयुक्त तत्वावधान में राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी “खेल सृष्टि में भारतीय दृष्टि” का आयोजन गालव सभागार, जीवाजी विश्वविद्यालय में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन एवं मां सरस्वती, भारत माता तथा क्रीड़ा भारती के आराध्य देव श्री हनुमान जी के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुआ। मंचासीन अतिथियों का स्वागत पुष्पगुच्छ, शाल एवं श्रीफल भेंट कर किया गया।
अतिथि परिचय एवं क्रीड़ा भारती की प्रासंगिकता पर प्रकाश डॉ. दिनेश सिंह कुशवाह, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य, क्रीड़ा भारती मध्यप्रदेश द्वारा डाला गया।इस अवसर पर ग्वालियर के अंतरराष्ट्रीय एवं अंतरप्रांतीय खिलाड़ियों हर्षवर्धन तोमर (बास्केटबॉल), अरमान कुरैशी (हॉकी), शशिका चौधरी (हॉकी) तथा श्री श्याम सिंह गुर्जर का अतिथियों द्वारा शाल एवं श्रीफल से सम्मान किया गया।
मुख्य वक्ता विमल गुप्ता ने अपने उद्बोधन में पारंपरिक भारतीय खेलों को प्रोत्साहित करने की आवश्यकता बताते हुए उनके धार्मिक एवं आध्यात्मिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने भारतीय दर्शन, वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना, जीवन में लक्ष्य निर्धारण और लक्ष्य प्राप्ति तक निरंतर प्रयास करते रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि खेल सामाजिक, सांस्कृतिक तथा राष्ट्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मनुष्य की संकल्प शक्ति पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि यदि व्यक्ति ठान ले तो वह असंभव को भी संभव कर सकता है।
अध्यक्षीय उद्बोधन में कुलगुरु प्रो. राजकुमार आचार्य ने कहा कि जब लक्ष्य स्पष्ट और निश्चित होते हैं, तो सफलता भी सुनिश्चित होती है।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. विजय मोघे ने किया तथा आभार प्रदर्शन आयोजन सचिव एवं शारीरिक शिक्षा विभाग के निदेशक डॉ. संजय कुलश्रेष्ठ ने किया।
इस अवसर पर क्रीड़ा भारती के प्रांत मंत्री मनोज तोमर, विभाग संयोजक गोविन्द महरोत्रा,प्रो डी एन गोस्वामी,प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य डॉ. राजेंद्र सिंह, प्रांत सह संपर्क प्रमुख डॉ. केशव सिंह, कार्यालय प्रमुख दीपक शिंदे, मातृ शक्ति प्रमुख शिवा देवी राठौर, प्रांत कोष प्रमुख एस.पी. श्रीवास्तव, श्रीमती मनीषा शुक्ला, शिशिर श्रीवास्तव, अमित तिवारी, जिला योग प्रभारी दिनेश चाकड़कर एवं विभाग सह कार्यवाह मुनेंद्र सिंह सहित बड़ी संख्या में खेल प्रेमी, शोधार्थी एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।

